गैस, एसिडिटी और अपचन से छुटकारा पाने के घरेलू नुस्खे

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99% लोग नहीं जानते गैस एसिडिटी ब्लोटिंग और अपचन से छुटकारा पाएं

दोस्तों शरीर की सारी गतिविधि हमारी पाचन से जुड़ी होती है इसलिए पाचन में आई गड़बड़ी का असर हमारी त्वचा, बाल, आंखें, दिमाग और सभी अंदरूनी अंगों पर ही पड़ता है। पाचन क्रिया में अलग-अलग इंटरनल ऑर्गन एक साथ मिलकर काम करते हैं और खाए गए भोजन को पचा कर इसमें मौजूद जरूरी पोषक तत्वों से शरीर को एनर्जी प्रदान करने का काम करते हैं। जब खाया गया भोजन बहुत जल्दी या बहुत देर से पचता है खाया गया चीज शरीर को नहीं लग पाती। बार-बार या बहुत कम भूख लगती है, सुबह उठते ही पेट साफ नहीं उठ पाता या दिन भर में बार बार फ्रेश होने जाना पड़ता है तो ऐसी कमजोरी पाचन के कारण ही होती है। पाचन कमजोर होने की वजह से गैस, एसिडिटी, पेट दर्द, छाती में जलन, अपच, सर दर्द, आलस, थायराइड प्रॉब्लम, दस्त पर, दाग धब्बे, आंखों में सूजन, रात को नींद ना आना, घबराहट, पाइल्स और हड्डियों में दर्द जैसी समस्याएं होनी शुरू हो जाती है क्योंकि जब भोजन डाइजेस्ट नहीं होता तो हमारे पेट में ही सड़ने लगती है जिसकी वजह से कई तरह की बीमारियां होने की संभावना काफी ज्यादा हद तक बढ़ जाते हैं।

कमजोर पाचन भोजन के सभी पोषक तत्वों को अब्जॉर्ब करने में सहायक होता है। इसकी वजह से शरीर में हमेशा किसी न किसी न्यूट्रेंस की कमी बनी रहती है। कभी आंखों की कमजोरी तो कभी बालों का पकना शरीर में ताकत की कमी, खराब पाचन क्रिया से ही होती है तो इसलिए पाचन का सही से काम करना। बहुत ही ज्यादा जरूरी है आज हम ऐसे कुछ गलतियों के बारे में जानेंगे जो हमारे पाचन को खराब करने और कमजोर बनाने के लिए जिम्मेदार होती है। तो आइए जानते हैं कुछ घरेलू नुस्खे के बारे में जो कुछ ही दिनों के इस्तेमाल से पाचन क्रिया पहले से कई गुना ज्यादा मजबूत हो जाएगा और साथ ही पेट से जुड़ी हर तरह की समस्या पूरी तरह से नष्ट हो जाएगी।

पाचन क्रिया को मजबूत करने के घरेलू नुस्खे-

हमारे शरीर में अच्छे और बुरे दोनों तरह के बैक्टीरिया पाए जाते हैं। पाचन की कमजोर होने की समस्या सबसे मुख्य वजह पेट में अच्छी बैक्टीरिया की कमी होना। अच्छी बैक्टीरिया की कमी से पेट और आंतों में भोजन को पचाने वाले वाले रसों की कमी आ जाती है, जिससे भोजन ठीक तरह से नहीं पचता और खाने के बाद पेट फूलना भारीपन एसिडिटी गैस जैसी समस्याएं होने लगती है।

दही और जीरा का उपाय-

दही और जीरे का मिश्रण पेट में अच्छी बैक्टीरिया की मात्रा को बढ़ाने और पाचन की स्थिति को सुधारने के लिए बहुत अधिक ज्यादा फायदेमंद होता है। एक कटोरी दही में एक चम्मच मिश्री पाउडर, आधा चम्मच भुने हुए जीरे का पाउडर और थोड़ा सा काला नमक मिलाकर रोजाना का सेवन करने से पाचन बहुत अच्छी तरीके से सुधर जाता है। जब जरूरी बैक्टीरिया की संख्या शरीर में बढ़ जाती है इससे पाचन शक्ति मजबूत होती है। खाना खाने के बाद सौंफ का सेवन करने से पाचन क्रिया तेज होती है और साथ ही हमारे मेटाबॉलिज्म को बूस्ट करने का पेट को ठंडक प्रदान करने के लिए भी बहुत उपयोगी होती है। हर बार खाना खाने के बाद एक से दो चम्मच सौंफ चबाकर जरूर खाएं। मिठास के लिए भी यह खास होती है। सौंफ खाने से मुंह में लार की मात्रा बढ़ती है जो भोजन को तेजी से बचाने में बहुत ज्यादा फायदेमंद होती है। जिन लोगों को खाने के बाद खट्टी डकार या कुछ भी जलन की समस्या होता है तो उन्हें शौंफ जरूर खाना चाहिए। कई लोगों के पेट में एसिड की कमी हो जाती है जिसकी वजह से खाना पेट में ठीक तरह से हजम नहीं होता। ऐसे में खाना खाने से पहले पानी में एक चम्मच अदरक का रस एक चम्मच नींबू का रस मिलाकर पिए या फिर एक अदरक के टुकड़े को नींबू के रस में भिगो के चबा चबाकर खा लें। ऐसा करने से हमारा पेट भोजन को पचाने के लिए तैयार हो जाता है और इसके पाचन रस भी भरपूर मात्रा में बनते हैं। रात के भोजन से 1 घंटे बाद हल्दी वाले दूध का सेवन जरूर करें। सोने से पहले हल्दी वाले दूध का सेवन करने से पाचन अच्छा होता है। सुबह पेट भी खुलकर साफ होता है और साथ ही शरीर के बीमारी जैसे नष्ट हो जाते हैं इसका इस्तेमाल अपने उपयोग में कर सकते हैं।